Bobby Murder Case: बाराबंकी में मुख्तार अंसारी के खास शूटर बॉबी की दिनदहाड़े हत्या, क्या फिर शुरू होगा योगीराज में खूनी गैंगवार?
मुख्तार अंसारी के शूटर बॉबी की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या

Report By: डॉ मंगलेश्वर त्रिपाठी
उत्तर प्रदेश की राजनीति और जुर्म की दुनिया का चोली-दामन का साथ रहा है। हाल ही में एक ऐसी वारदात हुई है जिसने पुलिस प्रशासन और आम जनता दोनों को हिला कर रख दिया है। लखनऊ-अयोध्या हाईवे पर जो हुआ, उसने पुराने दौर के खूनी गैंगवार की यादें ताजा कर दी हैं। Bobby Murder Case आज कल हर तरफ चर्चा का विषय बना हुआ है। यह मामला सिर्फ एक अपराधी की मौत का नहीं है, बल्कि इसके पीछे छिपी गैंग्स की आपसी रंजिश और वर्चस्व की वो जंग है जो दशकों से यूपी की धरती को लाल करती आई है।
मुख्तार अंसारी और बॉबी का पुराना नाता
जब हम यूपी के बाहुबलियों की बात करते हैं, तो मुख्तार अंसारी का नाम सबसे ऊपर आता है। अंसारी का साम्राज्य केवल जेल के बाहर ही नहीं, बल्कि जेल के भीतर से भी चलता था। इसी साम्राज्य का एक मजबूत स्तंभ था शोएब किदवई उर्फ बॉबी। बॉबी को मुख्तार का बेहद करीबी और भरोसेमंद शूटर माना जाता था।
मुख्तार अंसारी गैंग में बॉबी की हैसियत एक ऐसे सिपाही की थी जो किसी भी बड़े ऑपरेशन को अंजाम देने की हिम्मत रखता था। 1999 के चर्चित जेलर आरके तिवारी हत्याकांड में भी बॉबी का नाम प्रमुखता से आया था। बॉबी की वफादारी ही थी जिसने उसे मुख्तार के करीब रखा, लेकिन यही वफादारी अंत में उसकी जान की दुश्मन बन गई।
Shooter Bobby: हाईवे पर बिछाया गया मौत का जाल
शुक्रवार की दोपहर आम दिनों की तरह ही थी, लेकिन बाराबंकी के असैनी इलाके के पास सन्नाटा चीख उठा। Shooter Bobby अपनी कार से लखनऊ से बाराबंकी की तरफ जा रहा था। उसे अंदाजा भी नहीं था कि कुछ लोग उसकी परछाई की तरह उसका पीछा कर रहे हैं। जैसे ही उसकी गाड़ी हाईवे पर एक सुनसान मोड़ के पास पहुंची, दो बाइकों पर सवार हमलावरों ने उसे घेर लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो हमलावरों ने बिना एक पल गंवाए अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। लगभग 10 से 15 मिनट तक गोलियों की तड़तड़ाहट सुनाई देती रही। हमलावरों ने बॉबी की कार पर 15 से ज्यादा राउंड फायर किए। बॉबी की हत्या इतने शातिराना तरीके से की गई कि उसे संभलने तक का मौका नहीं मिला। गोलियों से छलनी बॉबी ने कार के भीतर ही दम तोड़ दिया। जब तक पुलिस मौके पर पहुंचती, हमलावर फरार हो चुके थे।
UP Crime News: वारदात के बाद दहशत का माहौल
इस घटना ने एक बार फिर UP Crime News की सुर्खियों में माफिया राज और गैंगवार को ला खड़ा किया है। हाईवे पर दिनदहाड़े हुई इस दिनदहाड़े गोलीबारी ने पुलिस के सुरक्षा दावों की पोल खोल दी है। घटना के बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया और फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए।
स्थानीय लोगों में इस कदर खौफ है कि कोई भी खुलकर बोलने को तैयार नहीं है। बॉबी जैसे कुख्यात अपराधी की सरेआम हत्या यह संकेत देती है कि हमलावर कितने बेखौफ थे और उन्हें कानून का जरा भी डर नहीं था।
Mukhtar Ansari Gangster: क्या बिखर रहा है मुख्तार का किला?
Mukhtar Ansari Gangster की मौत के बाद से ही यह कयास लगाए जा रहे थे कि उसके गैंग का क्या होगा। बॉबी की मौत इसी कड़ी का एक हिस्सा मानी जा रही है। मुख्तार के जाने के बाद उसके गुर्गों के बीच और विरोधी गैंगों के बीच एक ‘पावर वैक्यूम’ पैदा हो गया है। हर कोई अब इस खाली जगह को भरना चाहता है।
मुख्तार अंसारी गैंग के पुराने सदस्य अब निशाने पर हैं। बॉबी की हत्या को विरोधी गुटों द्वारा अपनी ताकत दिखाने के एक जरिए के रूप में देखा जा रहा है। जानकारों का कहना है कि यह सिर्फ एक हत्या नहीं है, बल्कि यह मुख्तार के बचे हुए साम्राज्य को ध्वस्त करने की शुरुआत हो सकती है।
Bobby Murder Case: पुरानी रंजिश या कुछ और?
Bobby Murder Case की गुत्थी सुलझाने में पुलिस की कई टीमें जुटी हुई हैं। इस मामले में कई पहलू सामने आ रहे हैं:
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वर्चस्व की लड़ाई: पूर्वांचल के डॉन और उनके विरोधी गुट (जैसे बृजेश सिंह गुट या अतीक के बचे हुए गुर्गे) हमेशा से एक-दूसरे के खून के प्यासे रहे हैं।
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राजनीतिक संरक्षण: माफिया और राजनीति का गठजोड़ हमेशा से अपराध को बढ़ावा देता रहा है। बॉबी की मौत के पीछे किसी बड़े राजनीतिक हाथ की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता।
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अपराधियों का बदला: बॉबी ने अपने जीवन में कई वारदातों को अंजाम दिया था, मुमकिन है कि किसी पुराने दुश्मन ने सही मौके का फायदा उठाकर अपना हिसाब चुकता किया हो।
Crime Updates UP: पुलिस की कार्रवाई और जांच
ताजा Crime Updates UP के अनुसार, एसटीएफ (STF) ने इस मामले में कमान संभाल ली है। रात भर चली छापेमारी में तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि हमलावरों के रूट का पता लगाया जा सके। बाराबंकी के पुलिस अधीक्षक का कहना है कि अपराधियों को जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
हालांकि, पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। अक्सर देखा गया है कि पुलिस अपराधियों को ही अपना मुखबिर बनाती है, जिससे गैंग्स के बीच आपसी अविश्वास और दुश्मनी और बढ़ जाती है। क्या बॉबी भी इसी तरह की किसी पुलिसिया ‘डबल गेम’ का शिकार हुआ? यह जांच का विषय है।
Shooter Bobby हत्याकांड: क्या फिर शुरू होगी खूनी होली?
Shooter Bobby हत्याकांड के बाद पूर्वांचल में फिर से गैंगवार शुरू होने की आशंका जताई जा रही है। बॉबी के समर्थक और उसके करीबी अब शांत बैठने वाले नहीं हैं। अपराध की दुनिया का यह दस्तूर रहा है कि खून का बदला खून से लिया जाता है। आने वाले दिनों में यूपी के अन्य जिलों में भी हलचल तेज हो सकती है। यूपी ब्रेकिंग न्यूज़ में अगले कुछ दिन अपराध से जुड़ी खबरें छाई रह सकती हैं।
Mukhtar Ansari: एक युग का अंत या नई शुरुआत?
भले ही Mukhtar Ansari अब इस दुनिया में नहीं है, लेकिन उसका नाम आज भी यूपी के अपराध जगत में गूंजता है। बॉबी की हत्या ने यह साबित कर दिया है कि भले ही बड़े चेहरे चले जाएं, लेकिन उनके द्वारा बोए गए नफरत और जुर्म के बीज आसानी से खत्म नहीं होते। आम जनता बस यही चाहती है कि उन्हें फिर से उन काले दिनों में न लौटना पड़े जब सड़कों पर गोलियां चलना आम बात थी।





