उन्नाव में बिना लाइसेंस पटाखे बेचने वालों पर बड़ी कार्रवाई, 8 दुकानदारों पर केस—3.50 लाख का माल जब्त, दो दुकानें सील

उन्नाव जिले के अलग-अलग इलाकों में बिना लाइसेंस अवैध रूप से आतिशबाजी बेच रहे आठ दुकानदारों पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। छह दुकानों से करीब 3.50 लाख रुपये के पटाखे जब्त किए गए हैं और इनके खिलाफ अवैध भंडारण की प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। सबसे पहले अब्बासपुर स्थित पटाखा बाजार में एएसपी उत्तरी और सीओ ने घर के सामने संचालित दो दुकानों को बंद कराया, जिससे पूरे बाजार में हड़कंप मच गया। यह कार्रवाई त्योहारी सीजन में सुरक्षा को देखते हुए की जा रही है, ताकि किसी भी तरह के हादसे को रोका जा सके।
एएसपी उत्तरी आयुष श्रीवास्तव और सीओ सिटी विनी सिंह ने अब्बासपुर स्थित पटाखा दुकानों की जांच की। जांच में सामने आया कि स्टार फायर वर्कस और राजेश राजपूत फायर वर्कस का लाइसेंस नवीनीकरण नहीं हुआ था। इसके अलावा इन दुकानों में मानक से अधिक पटाखों का भंडारण मिला। इस पर दोनों दुकानों को तुरंत बंद करा दिया गया। प्रशासन का कहना है कि बिना लाइसेंस के पटाखा बेचने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
कोतवाल चंद्रकांत मिश्र ने छोटा चौराहा स्थित गंदा नाला के पास इसरत अली की बक्से की दुकान से एक गत्ते में दैमार बरामद किए। यह माल अवैध रूप से बेचा जा रहा था। कोतवाल ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज की गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है। वहीं अचलगंज थानाध्यक्ष सुब्रत नारायण त्रिपाठी ने बिना लाइसेंस कस्बे में पटाखों की बिक्री कर रहे संतोष गुप्ता, नीरज गुप्ता, अजय, अंकित और मोनू गुप्ता के पास से भारी मात्रा में माल बरामद किया। इसकी कीमत करीब तीन लाख रुपये बताई जा रही है। बता दें कि अचलगंज में सिर्फ एक दुकानदार को ही आतिशबाजी बनाकर बेचने का लाइसेंस मिला है, जबकि कई दुकानदार बिना लाइसेंस के ही यह कारोबार कर रहे थे।
जिलाधिकारी घनश्याम मीना ने भी अधिकारियों के साथ अहम बैठक की। उन्होंने एसडीएम और क्षेत्राधिकारी को पटाखों के अवैध भंडारण की जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ कहा कि आबादी क्षेत्र में पटाखों की दुकानें किसी भी हाल में नहीं होनी चाहिए, क्योंकि इससे बड़ा हादसा हो सकता है। डीएम ने अग्निशमन दल और एंबुलेंस को सक्रिय रखने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई हो सके। इसके अलावा कार्यकारी अधिकारी को साफ-सफाई और खराब स्ट्रीट लाइटें ठीक कराने के लिए कहा गया। डीएम ने मिलावटी खाद्य पदार्थ और शराब की जांच तेज करने तथा भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिस तैनाती बढ़ाने के भी आदेश दिए।
इस कार्रवाई के बाद अब पूरे जिले में पटाखा कारोबारियों में हड़कंप का माहौल है और कई दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर भागते नजर आ रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि त्योहारी सीजन में सुरक्षा को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमें लगातार अलग-अलग इलाकों में छापेमारी कर रही हैं और बिना लाइसेंस पटाखे बेचने वालों की पहचान की जा रही है। आम लोगों से भी अपील की गई है कि वे सिर्फ लाइसेंस प्राप्त दुकानों से ही पटाखे खरीदें और किसी भी अवैध बिक्री की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, ताकि किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।



