
नई दिल्ली। भारत में डिजिटल खेलों और कौशल विकास को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। Sports, Physical Education, Fitness and Leisure Skills Council (SPEFL) ने Gosu Academy तथा Bharat Esports Professional Federation (BEPF) के साथ एक रणनीतिक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते का उद्देश्य देश के युवाओं को ई-स्पोर्ट्स के क्षेत्र में विश्वस्तरीय प्रशिक्षण, प्रमाणन और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है।
यह समझौता भारत में उभरते ई-स्पोर्ट्स क्षेत्र को औपचारिक कौशल विकास ढांचे से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इस अवसर पर SPEFL के मुख्य कार्यकारी अधिकारी Tahseen Zahid, BEPF की महासचिव Pankhuri Gupta, Gosu Academy के मुख्य कार्यकारी अधिकारी Francisco Javier तथा प्रतिनिधि Braden Plen उपस्थित रहे।
इस पहल के अंतर्गत ई-स्पोर्ट्स को संरचित कौशल विकास कार्यक्रमों के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे युवाओं को प्रशिक्षण के साथ-साथ प्रमाणन और स्पष्ट करियर मार्ग उपलब्ध हो सके। पहले चरण में वैश्विक मानकों के अनुरूप सरकारी-प्रमाणित ई-स्पोर्ट्स कौशल कार्यक्रम प्रारंभ किए जाएंगे, जिनमें गेमिंग रणनीति, डेटा एनालिटिक्स, टीम प्रबंधन और पेशेवर प्रतिस्पर्धा से जुड़े विषय शामिल होंगे।
द्वितीय चरण में देश के विभिन्न क्षेत्रों में आधुनिक ई-स्पोर्ट्स कौशल केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों में अत्याधुनिक तकनीकी सुविधाएं, उच्च गुणवत्ता वाले कंप्यूटिंग सिस्टम, पेशेवर कोचिंग और प्रदर्शन विश्लेषण की व्यवस्था की जाएगी, ताकि युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रशिक्षण सुविधाएं देश में ही उपलब्ध हो सकें।
इस अवसर पर Pankhuri Gupta ने कहा कि ई-स्पोर्ट्स युवाओं के लिए उभरता हुआ एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है, जो उन्हें नई दिशा देने के साथ-साथ रोजगार के व्यापक अवसर प्रदान कर सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि यह पहल ‘डिजिटल इंडिया’ के लक्ष्य को सशक्त बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
विशेषज्ञों का मत है कि यह समझौता भारत के कौशल विकास तंत्र को मजबूत करने, रोजगार सृजन को बढ़ावा देने तथा डिजिटल अर्थव्यवस्था को गति देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। ई-स्पोर्ट्स क्षेत्र में बढ़ती वैश्विक मांग को देखते हुए यह पहल भारतीय युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करेगी।
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि ई-स्पोर्ट्स को वैश्विक स्तर पर तेजी से मान्यता मिल रही है और भविष्य में इसे बड़े अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी स्थान मिलने की संभावनाएं हैं। ऐसे में यह साझेदारी भारत को इस क्षेत्र में अग्रणी बनाने की दिशा में सहायक होगी।
यह समझौता युवाओं को सशक्त बनाने, वैश्विक स्तर की प्रतिभाओं का विकास करने तथा भारत में एक संगठित ई-स्पोर्ट्स इकोसिस्टम स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।




